आँख में पानी रखो होंटों पे चिंगारी रखो

aankh mein pani rakho honton pe chingari rakho - आँख में पानी रखो होंटों पे चिंगारी रखो

आँख में पानी रखो होंटों पे चिंगारी रखो ज़िंदा रहना है तो तरकीबें बहुत सारी रखो, राह के पत्थर से बढ़ कर कुछ नहीं हैं मंज़िलें रास्ते आवाज़ देते हैं सफ़र जारी रखो, एक ही नद्दी के हैं ये दो किनारे दोस्तो दोस्ताना ज़िंदगी से मौत से यारी रखो, आते जाते पल ये कहते हैं … Read more

बुलाती है मगर जाने का नईं

bulati hai magar jaane ka nahi shayari

बुलाती है मगर जाने का नईंवो दुनिया है उधर जाने का नईंज़मीं रखना पड़े सर पर तो रक्खोचलो हो तो ठहर जाने का नईं है दुनिया छोड़ना मंज़ूर लेकिनवतन को छोड़ कर जाने का नईंजनाज़े ही जनाज़े हैं सड़क परअभी माहौल मर जाने का नईं सितारे नोच कर ले जाऊँगामैं ख़ाली हाथ घर जाने का … Read more