लफ़्ज़ों का साएबान बना लेने दीजिए

Lafzon Ka Saeban Bana Lene Dijiye - लफ़्ज़ों का साएबान बना लेने दीजिए

लफ़्ज़ों का साएबान बना लेने दीजिए सायों को ताक़-ए-दिल में सजा लेने दीजिए, गहरे समुंदरों की तहें मत खंगालिए दिल को खुली हवा का मज़ा लेने दीजिए, सोचेगा ज़ेहन सारे मसाइल के हल मगर पहले बदन की आग बुझा लेने दीजिए, कब तक मिसाल-ए-दश्त सहें मौसमों का जब्र ख़्वाबों का कोई शहर बसा लेने दीजिए, … Read more

निभेगी किस तरह दिल सोचता है

Nibhegi Kis Tarah Dil Sochta Hai - निभेगी किस तरह दिल सोचता है

निभेगी किस तरह दिल सोचता है अजब लड़की है जब देखो ख़फ़ा है, ब-ज़ाहिर है उसे भी प्यार वैसे दिलों के भेद से वाक़िफ़ ख़ुदा है, ये तन्हाई का काला सर्द पत्थर इसी से उम्र-भर सर फोड़ना है, मगर इक बात दोनों जानते हैं न कुछ उस ने न कुछ हम ने कहा है, नहीं … Read more