ग़ज़ब किया तेरे वादे पे ऐतबार किया

ग़ज़ब किया तेरे वादे पे ऐतबार किया - gazab kiya tere vade pe aitabaar kiya

ग़ज़ब किया तिरे वअ’दे पे ए’तिबार किया तमाम रात क़यामत का इंतिज़ार किया, किसी तरह जो न उस बुत ने ए’तिबार किया मिरी वफ़ा ने मुझे ख़ूब शर्मसार किया, हँसा हँसा के शब-ए-वस्ल अश्क-बार किया तसल्लियाँ मुझे दे दे के बे-क़रार किया, ये किस ने जल्वा हमारे सर-ए-मज़ार किया कि दिल से शोर उठा हाए … Read more

दिल को क्या हो गया ख़ुदा जाने

dil ko kya ho gaya khuda jaane

दिल को क्या हो गया ख़ुदा जाने क्यूँ है ऐसा उदास क्या जाने, अपने ग़म में भी उस को सरफ़ा है न खिला जाने वो न खा जाने, इस तजाहुल का क्या ठिकाना है जान कर जो न मुद्दआ’ जाने, कह दिया मैं ने राज़-ए-दिल अपना उस को तुम जानो या ख़ुदा जाने, क्या ग़रज़ … Read more